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Showing posts from March, 2021

नानी मां से मोहब्बत ❤️❤️

 जीकर किया जानी ने अपनी नानी मां का, मुझे भी मेरी नानी मां याद आ गई। एक बच्चे की मां उस बच्चे को 9 महीने तक अपने गर्भ में सुरक्षित रखती है, और जब वो बच्चा बाहर आता है तो वो सबसे पहले अपनी मां को देखता है। तो अपने बच्चे को मां क्या कुछ नही सिखाती। लेकिन जो उस मां की मां है जिसे हम नानी मां कहते हैं। तो जब बच्चा अपनी नानी मां के पास जायेगा तो सोचो जब मां इतना कुछ सिखाती है हंसाती है तो मां की जो मां है वो कितना कुछ सिखाएगी। ये कहानी मैंने सिर्फ एक इंसान के लिए लिखी है वो है "नानी मां", मेरे पास तो मेरी नानी मां नहीं है लेकिन जिसके पास नानी मां है वो सब शायद पढ़ के अपनी नानी मां को याद करेंगे। अचानक छुट्टियां होने से दो दिन पहले मां के पास नानी मां का कॉल आना। मां और बच्चों के साथ नानी मां का अपने घर बुलाना, हम सब बच्चों का नाना नानी के घर पहुंच जाना, और घर पहुंचते ही हमे देख के नानी मां का मुस्कुराना। हमेशा याद रहेगा.... जब भी हम मां के साथ नाना नानी के घर जाया करते थे, नाना नानी अपनी बेटी को देख के इतना खुश नही होते थे जितना हम बच्चों को देख के मुस्कुराया करते थे। बाहों में भर...

उस दिन मुझसे प्यार करोगी क्या🤔

तुम्हारे करीब रह के मैं किसी और की बाहों में सो जाऊं। तुम्हारी आंखों में देख कर किसी और के खुआव सजाऊं। तुम मेरा हाथ हमेशा थाम के रखो और मैं किसी और का हाथ पकड़ता जाऊं। तुम गुस्सा करोगी बेहद मुझपर और मुझसे रूठ भी जाओगी। किसी और के हाथों में जब दिख जाएगा मेरा हाथ तो तुम टूट भी जाओगी। तुम्हारे पास आकर मैं तुम्हे झूठी कहानियां सुनाऊंगा। मैं सच हूं वो लड़की ही गलत थी ये बात मैं तुमको समझाऊंगा। झूठा रोना भी रोऊंगा मैं तुम्हारी आंखों के सामने तुम माफ करोगी क्या। अभी दिल से मोहब्बत करता हुं तो मैं अच्छा नही लगता। जिस दिन जिस्म से मोहब्बत करूंगा उस दिन मुझसे प्यार करोगी क्या। तुम्हारे साथ होने के बावजूद भी मैं खुद की मुलाकातें किसी और से करबाऊं। जब तुम पूछो उसके बारे में ये मेरी अच्छी दोस्त है बस ये तुमको कहता जाऊं। मैं जाऊ कहीं और तुम्हे बताऊं कुछ और, गलती से तुम्हे कहीं से पता भी चल जाए तो नए बहाने बनाके तुमसे सारी बातें छिपाऊं। जब तुम होगी अकेली और कॉल लगाओगी मुझे और मेरा फोन बार बार बिजी बताएगा। और जब मैं आऊं तुम्हारे पास और तुम पूछो इतने कहां बिजी थे तो दिखाके मेरा मोबाइल तुम्हे नेटवर्क प्...

आंखों को छिपाके रखना🖤

 बहुत दिनों से तालाश थी एक कहानी की,  आज कल मोहब्बत कहां होती है निभाने की, मैं तो किसी को भी भुला देता हूं मगर ये दुनिया नही भूलती मोहब्बत पुराने की, याद रखना है तो आज को याद रखो, क्यों याद रखनी है कहानियां जमाने की। जानी का किस्सा अलग था, वानी का किस्सा अलग था। बदनाम हुए हैं दोनो मेरी कलम से,मगर उनकी मोहब्बत का किस्सा भी अलग था । लेकिन आज की ये कहानी ना मोहब्बत की है न जमाने की है। किसी की आंखे दिख गई थी मुझे बस उन आंखों को लफ़्ज़ों से बताने की है। शुरू, शेरू या शैरी मालूम नही नाम क्या है उसका,मगर जो भी होगा अच्छा ही होगा। तुम्हारी आंखों की तस्वीर में अपने पन्नो पर सजाना चाहता हूं। हर रोज उन आंखों को देखने का एक खुआव बनाना चाहता हूं। ना जाने ऐसा क्या है तुम्हारी आंखों में जो मुझे लिखने पर मजबूर करता है, शुरू कर दूं क्या लिखना, बस तुमसे लिखने की परमिशन पाना चाहता हूं। खयाल आया एक मन में हम थोड़ी ना उसे जानते हैं, लेकिन आखें तो देखी थी ना उसकी चलो उन आंखों में थोड़ा झांकते हैं। मगर अनुमती थोड़ी ना देगी वो अपनी आंखों से बात करने की, फिर भी कोई दिक्कत थोड़ी ना है शायर कभी बदनाम ...

अब हम लिखना छोड़ रहे हैं😔

 जोड़े थे जिस से दिल अपना आज हम उस दिल को तोड़ रहे हैं। बहुत परेशान कर लिया हमने अपनी कलम को अब हम लिखना छोड़ रहे हैं। किसी के चेहरे पे खुशियां तो किसी के चेहरे पर खामोशियां होंगी। कुछ किस्से कमाल के तो कुछ किस्सों में उदासियां होंगी। जो दिया करते थे कभी हमे वक्त अपना, आज वो हमारा वक्त किसी और को मोड़ रहे हैं। जोड़े थे जिस से दिल अपना आज हम उस दिल को तोड़ रहे हैं। बहुत परेशान कर लिया हमने अपनी कलम को अब हम लिखना छोड़ रहे हैं। जो हुए थे बदनाम हमारी कलम से वो भी आज हमारी कहानियों में खो रहे होंगे, जिनके किस्से अधूरे रह गए मोहब्बत के आज वो भी हमारी तरह रो रहे होंगे, लिखना छोड़ दिए हम जिसकी मोहब्बत को पाने के लिए, वो किसी और के ख्यालों में सो रहे होंगे। जिसको कदर ही नहीं हमारी मोहब्बत की, उनसे अब हम रिश्ता तोड़ रहे हैं। बहुत परेशान कर लिया हमने अपनी कलम को अब हम लिखना छोड़ रहे हैं। गलतियां तुमने की और हम खुद की गलतियां मानते रहे। तुम बिजी रही किसी और के साथ और हम खुद को करीब से पहचानते रहे। रखी जितनी भी शर्तें तुमने मोहब्बत में वो सब दिल से निभाई थी मैंने, फिर भी तुमने हमे वक्त देना छो...